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मैडम के साथ फ़ोन सेक्स-three

उसी दिन रात को दस बजे मेसेज आया

अंशिका का मेसेज – खाना वाना हो गया मिस्टर?
मैं : हाँ हो गया और तुम्हारा भी?

अंशिका’स रिप्लाइ: हाँ खा लिया, क्या कर रहे हो?

मैं उस वक़्त पॉर्न मूवी देख रहा था

मे: दिस्कोवरी चॅनेल देख रहा हूँ, तुम क्या कर रही हो?

आंशिका: ओह, कुछ नहीं ऐसी ही बैठी थी.
मिने रिप्लाइ: क्यूँ आज सिस्टर के बालों मैं आयिल नहीं लगाना

अंश’स रिप्लाइ: बेवकूफ़, रोज़ थोड़ी ना लगते हैं.

मैने उसे कॉल करा

आंशिका: धीमे से बोलते हुए हेलो
मे: इतनी धीरे क्यूँ बात कर रही हो

आंशिका: क्यूंकी सिस पढ़ रही आयी, उसके एंट्रेन्स एग्ज़ॅम्स आने वेल हैं और ये सोने का भी वक़्त है सब सो रहे हैं
मे: ओक, तो तुम सब एक ही जगह सोते हो?

आंशिका: पागल हो क्या? मैं और मेरी सिस एक रूम मैं सोते हैं
मे: कब तक पड़ेगी वो ?

आंशिका: देर तक ही पड़ती है वो, शायद रात के 2 या three बजे तक
मे: अछा जी, बड़ी स्टूडियस गर्ल है

आंशिका: हाँ, वो तो है,आई वांट तू सी हर सक्सेस्फुल इन हर लाइफ

आंड आई वांट तू सी हर इन माय बेड

मे: ओक गुड
आंशिका: तुम कब सोएगे?

मे: सो जाऊंगा अभी मन नहीं है
आंशिका: पर मेर्को तो अब नींद आ रही है, थकी हुई हूँ

मे: ओक देन सो जाओ, कल बात करते हैं
आंशिका: थॅंक यु बाइ गुड नाइट

मे: गुड नाइट,

देन नेक्स्ट डे मॉर्निंग मैने उसे वोही मेसेज करा की कहाँ हो और वोही सब बातें चोदी जो कल चोदी थी, आज रात उससे बात नहीं हो पाई क्यूंकी उसे मॅरेज मैं जाना था अपनी फ्रेंड की. पर कोई बात नहीं अभी तो और रातें है, आज रात फिर से सेक्स storyस और बीफ देख कर निकल लेता हूँ.

देन नेक्स्ट डे जैसे हमने डिसाइड करा था की हम मूवी देखने जाएँगे और हू मुझे बताएगी की कौनसी मूवी और कोनसे सिनिमा हॉल मैं, उसने मुझे मेसेज करके बता दिया और कहा की ठीक four:30 उसको उसके कॉलेज के बस स्टॅंड पर मिलूं.

मैं ठीक टाइम पर वहाँ पहुँच गया और मेडम ठुमकती -२ 5 बजे आई. उसने लाइट पिंक कलर का सूट पहें रखा था जिसमें से उसकी ब्रा दिख रही थी और उसे डिज़ाइन्स भी, और उसके आर्म्पाइट्स गीले थे पसीने से, आई नो की दे आर स्टिंकी बट दे एक्साय्त मी वेरी मच , पता नहीं क्यों..

देन हमने एक दूसरे को ग्रीट करा और वो मेरी बायक पर बेठी और हम चल पड़े सिनिमा हॉल की तरफ.

मैने बायक पर कोई जान बुझकर ब्रेक्स नहीं मारे ना ही उसने मुझे कस कर पकड़े हुए थी, वो थोड़े डिस्टेन्स पर बैठी थी मेरे से पर उसके बूब्स ना के बराबर ही टच हो रहे थे और मेर्को भी थोडा थोडा डर लग रहा थी की मैं फर्स्ट टाइम किसी लड़की के साथ अकेले मूवी देखने जा रहा हूँ, ऐसा लग रा था की अपनी वर्जिनिटी लूस करने जा रहा हूँ. हाँ एक बात तो बताना ही भूल गया मेर्को लगा की शायद आज ही इसे चोद दूँगा तो अपने एक फ्रेंड से मैने कॉंडम ले लिया था, उसने पूछा की क्यूँ ले रहा है मैने झूठ कहा की इसे पहेंकर मूठ मारूँगा बड़ा मज़ा आता है वो हँसने लगा.

हम सिनिमा हॉल पहुँचे अभी फिल्म स्टार्ट होने मैं थोडा टाइम था तो हम कॅफेटीरिया मैं बैठे थे,वो मुझे कल रात की शादी के बारे मैं बता रही थी और मैं कभी उसके बूब्स, कभी आर्म्पाइट्स और कभी उसके लिप्स को ध्यान से देखता रहता, मेरा डर थोडा खुल सा गया था उसके साथ की हम ओपन तो ही चुके हैं अगर उसने पूछ भी लिया की क्यूँ देख रहे हो तो बता दूँगा पर मेरे ख्याल से उसने नोटीस ही करा ये और ना ही मेरे से पूछा हाँ पर जब मैं और लड़कियों को ध्यान से देखता तो वो ज़रूर पकड़ लेती और मुझे टोक ती रहती. वहाँ पर एक लड़की शॉर्ट्स मैं आई, मैं उसकी लेग्स को देख रहता घूर घूर कर, उसने मुझे बोला एकद्ूम से – बस मिस्टर नॉटी बॉय, इतना भी नहीं घूरते अची बात नहीं होती, मैं कुछ नहीं बोला और उसे देख कर मुस्कुराता रहा. हमने कोल्ड कॉफी ऑर्डर करी थी, हम उसे पीने लगे, कोल्ड कॉफी उसके लिप्स पर लग गयी थी, मेरा मान कर रहा था की उसके लिप्स अपनी जीभ से चाट कर सॉफ कर दूँ पर साली की जीभ बाहर आई और सारा माल चाट कर अंदर ले गयी,

उसने दूसरी सीप ले, एक ड्रॉप टपक कर उसके बूब्स के उपर सूट पर गिर गयी थी, एक ड्रॉप के वजह से उसे पता नहीं चला वो अपने मज़े से कॉफी पी रही थी पर मेरा मन तो अब पूरी कॉफी से हटकर उसी ड्रॉप के उपर अटक गया था, मुझे तो बस वो ड्रॉप टेस्ट करनी थी पर वो तो इंपॉसिबल थी उस वक़्त.

फिर कॉफी ख़तम करके वो बोली की मैं अभी लू से हो कर आई, मैने सोचा ज़रूर पेड ठीक करने गयी होगी, 10 मिनिट बाद वो बाहर आई, हेअर्स एकदम सेट, सूट भी एक दम सेट, फेस भी वॉश कर के रखा था, साली ये तो मेरा ऐसे ही झाड़वएगी, खैर अब पिक्चर स्टार्ट हो गयी थी हम अंदर गये, अपनी रो मैं गये और बैठे, मैं यही विश कर रहा थी की हुमारे साथ कोई कपल भी हो जो साले वहीं सब कुछ कर रहे हों पर उसकी साइड तो दो लड़कियाँ बैठी थोड़ी छोटी सी और मेरी तरफ साउथ इंडियन कपल था जो अंधेरे मैं बिल्कुल नहि दिख रहे थे. पिक्चर स्टार्ट हुई, मेरा मन पिक्चर देखने का नहीं था अंशिका की बॉडी देखने का था तो मैने अपनी सीट पर पीछे होकर आराम से बैठ आगे और आंशिका के बॉडी को निहारने लगा, वो आराम से मूवी देख रही थी , मैं साइड से उसके बूस की गोलाईओं को देख रहा था, उसके बूब्स अंदर बाहर हो रहे थे, फिर मेरी नज़र उसकी नेक पर गयी , क्या नेक थी यार, बस चाटने और चूमने का मान कर रहा था, उसके सॉफ्ट इयर्स, चीक्स लिप्स, साली क्या चीज़ है,

देन उसका हाथ एकदुऊं से उसकी साइड मैं आया और उसकी ब्रा को ठीक करने लगा और ठीक करके वापस चला गया, मैने सोचा यार मेरे से बोलती तो मैं ही ठीक कर देता खैर कोई बात नहीं, फिर मेरा मन करा इसकी जांघें देखने का, मैं एक दम आगे हो गया जिससे वो न देख पाए और स्क्रीन की तरफ फेस करके मैने आँखें नीचे कर ली जिससे उसकी थाइस देख पा रहा था मैं,साली की मस्त थाइस थी, एकदुसरे से चिपकी हुई मोटी मोटी, और उसकी चूत ऐसी उन दोनो थाइस के बीच मैं चुप कर बैठी थी जैसे थाइस उसकी चूत का रक्षा कर रही हो, मन कर रहा था उसकी थाइस पकड़ के सहलौं और दबौं पर कुछ नहीं कर सकता था,

मैने पिक्चर देखी थोड़ी से तभी कुछ आवाज़ आई, पर समझ मैं नहीं आया की क्या है? मैने आंशिका को देखा वो तो आराम से मूवी देख रही थी, मैने उसके साइड मैं देखा हू लड़कियाँ भी आराम से मूवी देख रही थी, फिर मैने अपनी साइड मैं देखा की हू साउत इंडियन कपल एक दूसरे को चूम रहे हैं, मेने कहा चलो मेरे तो मज़े आ गये, मैं उन्हे तिरछी निगाहों से देखने लगा, हज़्बेंड मेरी तरफ बैठा था और उसकी वाइफ दूसरी तरफ , सो मैं ढंग से देख नहीं पा रहा था की बेचारी के साथ इस सिनिमा हाल मैं क्या ज़्यादती हो रही है,

उसका हाबी उसे किस करता और वो उसे हटाने की कोशिश करती और अपनी लॅंग्वेज मैं भी कुछ बोलती जो मुझे समझ मैं नहीं आया, उनका ये प्रोग्राम चल ही रहा था की इंटर्वल ने उनके साथ के एल पी डी कर दिया, सारे हॉल की लाइट जल गयी, मैने अंशिका को देखा और मुस्कुराया हू भी मुस्कुरई और वो भी मुस्कुरई और उसने अंगड़ाई ली लंबी सांस के साथ जिसे उसके बूब्स एकद्ूम बाहर आ गये और कहने लगे – “प्लीज़ हमें दबा दो”.

वो पूछने लगी कैसी लग रही है मूवी ? मैने देखी ही नहीं ढंग से तो क्या बोलता, मैने कहा सही है अब तक तो, वो बोली स्लो है, मैने मान मैं उन साउथ इंडियन कपल के बारे में सोचते हुए कहा की – हाँ स्लो है, क्या पता इंटर्वल के बाद अच्छी हो , कुछ आचे सीन्स आयें, वो बोली हाँ , लेटस सी.
वो साउथ इंडियन बाहर गयी और फिर थोड़ी देर बाद आई,

मैने ध्यान से देखा उसका ब्लाउस ढीला था पहले से मैने सोचा की कहीं साली ब्रा निकल कर तो नहीं आई, क्यूंकी जिन निगहों से हू अब एक दूसरे को देख कर मुस्कुरा रहे थे कोई भी जान जाता.

देन मूवी फिर स्टार्ट हो गयी, 10 मिनिट बाद हू दोनो फिर स्टार्ट हो गये,वो उसे जम कर किस कर रहा था, पुच पुच की भी आवाज़ आ रही थी हल्की हकली और उसकी पत्नी बचों की तरह क्किलाक्रियाँ मार रही थी बचों की तरह हर किस के बाद.

देन मैने देखा उसका पति उसकी छाती पर मुँह लगाया बैठा है , मैं समझ गया साला उसकी चुचियाँ चूस रहा है और वो बेचारी डर के मारे मूवी देख रही थी आँखे बंद कर के जिससे किसी को शक़ ना हो पर यहाँ तो मेरी आँखें सब रेकॉर्ड कर रही थी, पर मैं कुछ भी नहीं देख पा रहा था ढंग से.

10 मीं तक वो उसके बूब्स के साथ ही लगा रहा देन हू सीधा बैठ गया और मूवी देखने लगा, मेर्को ल्गा की अब ओवर सो मैं भी एक दम पीछे हो गया और फिर से आंशिका के बूब्स देखने लगा, तभी बगल से हिलने की आवाज़ आई, मैने फ़ौरन लेफ्ट मैं देखा की वो लेडी अपने हब्बी का लंड पकड़ कर मूठ मार रही थी, मेरा तो लोड़ा तन गया बुरी तरह , वो हिलाते हिलाते कभी रुक जाती फिर शुरू हो जाती 10 मीं बाद उसका पति झड़ गया, मैने देखा की वो दोनों हँसी कंट्रोल करने की कोशिश कर रहे हैं, पर मेर्को समझ नहीं आया की क्यूँ हंस रहे हैं साले मेरी नज़र आगे वाली सीट पर गयी जिस पर कोई लड़की बैठी थी जिसके बॉल उसकी सीट के पीछे लटक रहे थे और उस पर उस आदमी के लेस की ड्रॉप थी, ये देखकर तो मेरी भी हँसी छूट गयी, पर मैने बहुत कंट्रोल करा, क्यूंकी फॉर हू कपल समझ जाते की मैं मूवी नहीं उनको देख रहा था.

मूवी ओवर होने के बाद हम एक रेस्टोरेंट में गये, वहाँ पर वो मूवी की बात कर रही थी और मेरे पास कुछ बोलने को था ही नहीं, वो तभी बोली – “कैसा रहा शो?” मैने कहा सही ही था, पैसा वसूल, वो बोली – अरे मूवी का बात नहीं कर रही डियर तुम्हारे साथ वाली सीट का शो कैसा रहा?

मैं हंस के बोला – हाँ वो तो एकदम मस्त था, तुमने भी देखा क्या?
आंशिका : हाँ बीच मैं नज़र पढ़ गयी थी
मे : मेरी तो सारा टाइम वहीं पर नज़र थी

अँहसिका: क्या कर रहे थे वो लोग?
मे: जो सब करते हैं

आंशिका: बताओ भी, शर्मा रहे हो तुम तो
मे: किस कर रहे थे , और फोरप्ले कर रहे थे

ये सब सुनकर उसके फेस पर शाइनेस और क्यूरीसिटी सॉफ दिख रही थी, मैने सोचा क्यूँ आन इस शाइनेस को ख़तम करके उसको गरम करा जाए और वैसे भी मुझे ज्यादा मेहनत नहीं करनी पद रही थी हू खुद ही बड़बड़ कर बातें कर रही थी.

आंशिका: बताओ ना क्या कर रहे थे हू दोनो
मे: विस्तार से बताऊँ ?

आंशिका: विद क्यूरीसिटी हाँ, डीटेल्ड

मैने सोचा चलो अपनी तरफसे कुछ बातें जोड़ के बोल दूँगा, देखता हूँ इसकी चूत मैं कितनी खुजली है.

मे: पहले तो वो किस कर रहे थे 15 मीं, देन उसके पति ने उसके पकड़ लिए
आंशिका: हाथ?

मे: हाथ भी कोई पकड़ने की चीज़ होती है, मैने उसके बूब्स की तरफ इशारा करके कहा ब्रेस्ट्स पकड़ ली उसने अपने हाथों से.

वो शर्मा के मुँह नीचे करके हँसने लगी, मैने कहा अरे भाई इसमें हँसने की क्या बात है? हू बोली – कुछ नहीं ऐसे ही, और बताओ ,

मैने कहा और क्या अबतुन अब मेर्को उसकी ब्रेस्ट का साइज़ तो पता नहीं था तो वो तो नहीं बता सकता ना, वैसे मस्त थी उसकी ब्रेस्ट्स, वो और ज़ोर ज़ोर के शर्मा शर्मा के हँसने लगी,

मैने कहा अगर उसका हब्बी बीच मैं एक बार चला जाता ना तो एक बार मैं भी पकड़ लेता,

उसने घुर के पूछा शॉक होते हुए – क्या पकड़ लेते? किसका?

मैने कहा उसकी वाइफ के बूब्स पकड़ लेता मस्त लग रहे थे.
वो बोली – योउ अरे नेस्ती गाइ, मैने कहा इसमें नेस्तिनेस की क्या बात है, सब का मन करता है तो मेरा भी कर रहा था मैने उसके बूब्स की तरफ देखते हुए बोला

अब और किसी के तो पकड़ नहीं सकता था ना, वो बोली और किसके पकड़ने थे तुम्हे?
मैने बिना कुछ सोचे समझे बोल दिया – जो मेरे साथ बैठी थी उसके पकड़ने हैं मुझे,
वो झूठा गुस्सा दिखाकर बोली – चुप रहो बहुत बदतमीज़ हो,
मैने कहा – लो खुद ही पूछती हो और जवाद नहीं दूं तो गुस्सा हो जाती हो और दूं तो भी गुस्सा होती हो, तुम बताओ क्या करूँ मैं?
वो मेरी बात काटते हुए बोली – अछा ठीक है बस.
मैने कहा क्या ठीक है? कुछ ठीक नहीं है, सब मज़े करते हैं मुझे छोड़कर,
वो बोली – अब क्या हुआ?
मैने कहा मुझे भी पकड़ने हैं, प्लीज़ लेट मी ,

मुझे टोकते हुए बोली- देखो अगर तुम चुप नहीं हुए तो मैं चली जौंगी और फिर कभी नहीं मिलूंगी ना ही फोन पर बात करूँगी,

ये सुनकर मैं चुप हो गया और चुप छाप वहाँ बैठके हम डिन्नर करने लगे ,
वो बीच बीच मैं बात भी कर रही थी और मैं ढंग से रिप्लाइ नहीं कर रहा था,
वो हंसती तो मैं एक झूठी सी स्माइल पास कर देता उसको जताने के लिए की मैं रूठा हुआ हूँ, पर शायद उसे पता नहीं चला था, देन हम डिन्नर के बाद बाहर गये और आइस क्रीम ली, हम दोनो ने डिफरेंट फ्लेवर लिया, उसने अपनी आइस क्रीम टेस्ट करने के लिए ऑफर दिया और मुझे उस तरफ से देने लगी जहाँ से उसने नहीं खाई थी, मैने कहा मुझे उस तरफ से भी चाहिएजहाँ से उसने बायत ली थी
वो कुछ नहीं बोल पाई और मैं उस आइस क्रीम की बीते मैं उसके लिप्स और टंग का टेस्ट ढूँडने लगा और फिर उसने मेरी आइस क्रीम की बीते ली पर दूसरी साइड से.
हम आइस क्रीम खाते खाते पार्किंग मैं गये जहाँ मेरी बायक खड़ी थी,हम दोनो बायक का सहारा लेकर खड़े हो गये और बातें करने लगे, मैने उसे वहाँ भी थोडा कोल्ड रेस्पॉन्स दिया और उसने पूछा –

आंशिका : क्या हुआ? उखड़े उखड़े क्यूँ हो?
मे: कुछ नहीं, ऐसे ही

आंशिका: अछा झूठ मत बोलो, बता भी ना क्या हुआ? अच्छे नहीं लग रहे ऐसे तुम, प्लीज़ बताओ
मे: अरे कुछ नहीं बाबा, बस ऐसे ही

उसे शायद पता था की मैं क्यूँ ऐसे मूड मैं हूँ पर हू मेरे मुँह से सुनना चाहती थी

आंशिका: बताओ ना यार
मे: अरे कुछ नहीं यार

और थोड़ी देर तक वो पूछती रही और मैं ऐसे ही मना करता गया, एंड मैं उसने हार मानकर खुद ही बोल दिया

आंशिका: यार जो तुम करने को कह रहे थे, इट्स नोट गुड यार, प्लीज़ अंडरस्टॅंड
मे : मैने कुछ कहा क्या?

आंशिका: मुझे पता है, तुम नहीं कह रहे इसका मतलब ये नहीं की मैं जानती नहीं.
मे: अछा, फिर अब क्या?

आंशिका : यार विशाल, ………. कैसे समझाउं ……. तुम्हे, प्लीज़ यार ट्राइ तो अंडरस्टॅंड
मे: आई अंडरस्टॅंड, इट्स ओक

आंशिका: साइलेंट और नीचे की तरफ सिर झुकर कड़ी थी यार थिस इस नोट डन
मे: आई नो इट वोंट डन

आंशिका: यार मैने कब कहा की इट वोंट बी डन, बट गिव सम टाइम,
मे: उससे क्या होगा?

देन हम दोनो चुप छाप रहे 5मीं तक, मैं कहीं और देखता रहा और वो कहीं और

देन थोड़ी देर बाद वो बोली, यार विशाल किस तक तो ठीक है बट आई डोंट थिंक सो डूयिंग एनितिंग फर्दर.

मे: किस तक तो दी नहीं एंड टॉकिंग अबौट फर्दर थिंग्स.
आंशिका: ओक बाबा, गिविंग ना वाइ गेटिंग अपसेट

मेरी तो जेसे ज़िंदगी बन गयी और साथ साथ फट भी रही थी क्यूंकी आजतक मैने सपनो के अलावा कभी भी किसी लड़की को मैं किस नहीं करा था और ना ही कुछ और करा था और ना ही मैं किस करना जानता था ढंग से, तो मैने सोचा क्यूँ ना उसी को करने दूं.

वो मेरे पास आई और मेरी आँखों मैं देखे लगी और बोलने लगी – इसके बाद नो मूड ऑफ ओक?

मैने कुछ नहीं बोला, उसके कहा – अब बाबा करोगे भी या नहीं, मैं आगे हुआ उसकी तरफ और वो थोड़ी उपर उठकर उसने मेरे चीक्स को किस कर दिया, मैं उसे देखने लगा, वो बोली – डूयिंग ना, होल्ड ओंन .
देन उसने मेरे 2न्ड चीक पर किस करा और फिर मैने भी उसके दोनो चीक्स पर किस करा वो मेरे इतने पास आ चुकी थी की उसकी साँसे ज़ोर ज़ोर से चलने की वजह से उसके बूब्स मेरे से टकराते और कहते – प्लीज़ हमें दबा दो, पर मैने अपने आप को रोके रखा, फिर उसने मेरे लिप्स को चूमा और मैने भी उसके लिप्स अपने लिप्स से पकड़ लिए और उसने अपनी टंग मेरे मुँह मैं डाल दी, मैं पहले उसकी टंग तो अपनी टंग से चाटने लगा और फिर उसकी टंग को अपने मुँह मैं पकड़ कर आगे पीछे चूसने लगा, ऐसा मैंने एक पोर्न मैं देखा था,

5 मीं करने के बाद हम दोनो अलग हो गये, वो मेरे से नज़रें नहीं मिला रही थी, मैने उसकी चीन को उपर करा और देखा
वो हंस रही थी और शर्मा रही थी, मैने मौके का फ़ायदा उठाया और बोला – जान प्लीज़, वन मोर थिंग, प्लीज़.

उसने एक दम ना मैं सिर हिला दिया, मैं उसे प्लीज़ प्लीज़ करता रहा और प्लीज़ प्लीज़ करते करते अपने हाथ उसके बूब्स पर ले जाकर रख दिए और वो मना करती रही फिर मैने अपने दूसरे हाथ से भी उसके बूब पकड़ लिए और अब मेरे दोनो हाथ उसके बूब्स पर थे और वो बोले जा रही थी – प्लीस विशाल नोट टुडे, नोट टुडे और मैं उसके बूब्स को अपने हाथों मैं भर लिया वो एकद्ूम चुप हो गयी और फिर मैने अपने हाथों को उसकी चेस्ट की तरफ प्रेस करा जिसे उसके बूब्स सूट के उपर से बाहर आने लगे, मैं तो जैसे हवा मैं उड़ रहा था, समझ मैं नहीं आ रहा था की क्या करूँ, वो पीछे हटने लगी ,
मैने उसके बूब्स को पकड़ कर उसे फिर से वापस आगे कर लिए और ज़ोर से उसके दोनो बूब्स दबा दिए फिर उसने अपने हाथ मेरे हाथ पर रखे और मेरी आंकों मैं आँखें डाल कर कहा, विशाल बस प्लीज़ अब तो हो गयी ना दोनो चीजे अब बस करो प्लीज़, मैने उसके बात मान ली और हम दोनो अब बायक पर बैठ गये,
वो पहले की तरह मेरे से दूर बैठी थी जिससे उसकी ब्रेस्ट टच नहीं हो पा रही थी मेरे से, मैने बायक स्टार्ट करी और हम चल पड़े. वो रास्ते मैं बोली – इतनी धीरे क्यूँ चला रहे हो बायक ? कल पहुँचाओगे क्या?
मैने कहा तुम इतनी देर क्यूँ बैठी हो?
वो बोली – मतलब?
मैने कहा _ मतलब यह की मेरे से सट के बैठो तो बायक की स्पीड तेज़ हो सकती है नहीं तो बैठी रहो आराम से बायक भी आराम से चल रही है ,
वो बोली- तुम ना एकद्ूम पागल हो,
मैं बोला – सो तो हूँ. हू मेरे से चिपक गयी और उसका दांया बूब मेरी बेक से लग गया वाव क्या फीलिंग थी, काश मेरे पीछे भी दो हाथ होते, फिर मैंने बायक की स्पीड तेज़ करी और उसको उसके घर के पास वाले बस स्टॉप पर छोड़ दिया जहाँ वो रोज़ बस से उतरती थी. मैं उससे एक गुड नाइट किस माँगी रात को 10 बजे कोई बस स्टॉप पर था भी नहीं,
उसने बोला – अछा जल्दी करो, मैने अपना हेल्मेट उतरा और उसने जल्दी से अपने लिप्स मेरे लिप्स को चूमा और गुड नाइट बोलकर चली गयी. मैं भी खुश होता हुआ घर चला गया.